बीजापुर, 26 फरवरी 2026: छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले में नक्सल विरोधी अभियान के तहत सुरक्षा बलों को बड़ी सफलता मिली है। इन्द्रावती नदी क्षेत्र में माओवादियों की मौजूदगी की विशेष सूचना पर निकली संयुक्त टीम और नक्सलियों के बीच हुई मुठभेड़ में दो वर्दीधारी माओवादी मारे गए हैं। मौके से बड़ी मात्रा में हथियार और विस्फोटक सामग्री बरामद की गई है।

सुबह 6 बजे शुरू हुई मुठभेड़
पुलिस के अनुसार, थाना जांगला क्षेत्र के जैगुर-डोडुम इलाके में भैरमगढ़ एरिया कमेटी के सशस्त्र माओवादी कैडरों की उपस्थिति की सूचना पर 25 फरवरी की शाम डीआरजी टीम ने सर्च ऑपरेशन शुरू किया था।
26 फरवरी की सुबह लगभग 6 बजे सुरक्षा बलों और माओवादियों के बीच मुठभेड़ शुरू हुई, जो कुछ समय तक चली।

मुठभेड़ के बाद चलाए गए सघन तलाशी अभियान में दो वर्दीधारी माओवादी कैडरों के शव बरामद किए गए।
पांच-पांच लाख के इनामी थे दोनों नक्सली
प्रारंभिक पहचान के अनुसार, मारे गए नक्सलियों में एसीएम हिचामी मडडा और एसीएम मनकी पोडियम शामिल हैं। दोनों पर पांच-पांच लाख रुपये का इनाम घोषित था।
भारी मात्रा में हथियार जब्त
मुठभेड़ स्थल से सुरक्षा बलों ने:
- एक एसएलआर राइफल
- एक इंसास राइफल
- 12 बोर बंदूक
- बड़ी संख्या में जिंदा कारतूस
- हैंड ग्रेनेड
- डेटोनेटर
- अन्य नक्सली सामग्री
बरामद की है।
पुलिस अधिकारियों का बयान
पुलिस अधीक्षक डॉ. जितेंद्र कुमार यादव ने कहा कि सुरक्षा बल क्षेत्र में शांति और नागरिकों की सुरक्षा के लिए प्रतिबद्ध हैं।
वहीं बस्तर रेंज के पुलिस महानिरीक्षक पी सुन्दरराज ने शेष सक्रिय माओवादी कैडरों से हिंसा का रास्ता छोड़कर आत्मसमर्पण कर मुख्यधारा में लौटने की अपील की है।
संयुक्त बलों का सर्च ऑपरेशन जारी
फिलहाल डीआरजी, बस्तर फाइटर्स, एसटीएफ, CRPF और कोबरा की संयुक्त टीमों द्वारा पूरे क्षेत्र में व्यापक सर्च ऑपरेशन जारी है।
सुरक्षा बलों की इस कार्रवाई को नक्सल विरोधी अभियान में एक महत्वपूर्ण सफलता के रूप में देखा जा रहा है।
Post a Comment